उमेश चन्द्र त्रिपाठी
महराजगंज! जनपद महराजगंज के जिलाधिकारी संतोष कुमार शर्मा ने शनिवार को फरेंदा विकास खंड के ग्राम पंचायत गोपलापुर शाह और पिपरा विशम्भरपुर में मनरेगा के तहत चल रहे विकास कार्यों का औचक निरीक्षण किया।
ग्राम पंचायत गोपलापुर शाह में पानी निकासी के लिए बन रही पक्की नाली के निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने ईंटों की गुणवत्ता खराब पाई। उन्होंने तत्काल खराब ईंटें हटाने और बेहतर सामग्री का उपयोग करने के सख्त निर्देश दिए। तकनीकी सहायक के अनुसार, यह नाली ग्रामीण प्रकाश के घर से हनुमान मंदिर तक लगभग 3.98 लाख रुपये की लागत से बन रही है। जिलाधिकारी ने इसकी स्वीकृत लागत की भी जांच के आदेश दिए।

कार्यस्थल पर 13 मनरेगा मजदूर काम कर रहे थे, लेकिन उनके जॉब कार्ड में उपस्थिति और अन्य विवरण दर्ज नहीं थे। इसे गंभीर लापरवाही मानते हुए जिलाधिकारी ने तत्काल इसमें सुधार करने की हिदायत दी।
इसके बाद, जिलाधिकारी ने पिपरा विशम्भरपुर में 8 लाख रुपये की लागत से निर्माणाधीन अन्नपूर्णा भवन का दौरा किया। यहां 12 मजदूर कार्यरत थे। ग्रामीणों ने बताया कि निर्माण कार्य पिछले 20 दिनों से चल रहा है और दो कमरों व बरामदे की छत तक का काम पूरा हो चुका है।

जिलाधिकारी ने सभी संबंधित अधिकारियों को कार्यों में गुणवत्ता, पारदर्शिता और समयबद्धता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और सभी कार्य शासन की मंशा के अनुरूप पूरे होने चाहिए।
इस निरीक्षण के दौरान उपायुक्त श्रम रोजगार गौरवेंद्र सिंह, नायब तहसीलदार फरेंदा अंकित अग्रवाल, ग्राम प्रधान साधुशरण सहित कई ग्रामीण मौजूद रहे।