मनोज कुमार त्रिपाठी
भैरहवा नेपाल! राष्ट्रीय स्वतंत्र पार्टी के चेयरमैन व पूर्व गृहमंत्री रवि लामिछाने के खिलाफ मामले पर फिर बहस होगी। बहस आज भी जारी रहेगी क्योंकि लामिछाने की ओर से बहस करने वाले वकील गुरुवार को बहस में नहीं आए।

अदालत के न्यायाधीश यज्ञ मूर्ति ज्ञवाली के अनुसार, बुटवल में सुप्रीम सेविंग्स एंड क्रेडिट कोऑपरेटिव के धन के गबन से संबंधित मामले में रूपंदेही जिला न्यायालय ने लामिछाने को गुरुवार को भी जमानत पर रिहा करने का आदेश दिया।
मामले में रवि लामिछाने की ओर से आधा दर्जन से अधिक वकील बहस करने की तैयारी कर चुके हैं। कल सरकारी वकीलों और जहरवाला की ओर से वरिष्ठ वकील दिनेश त्रिपाठी ने बहस की।
गुरुवार को सरकारी वकील प्रेमराज पौड़ेल और अन्य अधिवक्ताओं की ओर से बहस करते हुए मांग की गई कि लामिछाने को हिरासत में लिया जाए और आगे की जांच की जाए। कोर्ट ने कहा कि सरकारी वकील की ओर से बहस अंतिम चरण में पहुंच गई है और आज कानूनी पेशेवर लामिछाने की ओर से बहस करेंगे।
प्रतिवादी की ओर से सुशील पंत, सुरेंद्र थापा, पशुपति भंडारी समेत कई अधिवक्ता बहस की तैयारी में हैं। बहस के बाद आरोपियों को जेल भेजने, जमानत पर रिहा करने या साधारण तिथि पर रिहा करने का आदेश होगा।
सुप्रीम कोऑपरेटिव धोखाधड़ी मामले में लामिछाने समेत 28 लोगों पर 55 करोड़ से ज्यादा की धोखाधड़ी का आरोप लगा है। इसके अलावा लामिछाने और अन्य व्यक्तियों से भी करोड़ों की रकम हड़पी गई है।