मनोज कुमार त्रिपाठी
खाना खाने से पहले मंत्र उच्चारण करते हुए अप्सनी हालेका (थाली में अन्न परोसते) हुए उनका वीडियो सोशल मीडिया पर सिर्फ एक हफ्ते में एक करोड़ से ज्यादा दर्शकों का ध्यान खींच चुका है। इस वीडियो की वजह से चर्चा में आए बाल कलाकार झापा के बिर्तामोड-2 निवासी आशुतोष भट्टराई हैं। बिल्कुल साधारण लेकिन प्रभावशाली प्रस्तुति ने उन्हें बहुत ही कम समय में असंख्य दर्शकों के दिलों में जगह दिला दी है।
क्षितिज नाट्य प्रतिष्ठान झापा से जुड़े आशुतोष इस समय बिर्तामोड-2 स्थित इकम स्कूल में कक्षा 2 के विद्यार्थी हैं। वह प्रथम मिस मेची और मिस ग्राण्ड झापा 2016 की विजेता तथा वर्तमान में स्वास्थ्यकर्मी के पेशे में रही उनकी मां समीक्षा खतिवड़ा और क्षितिज नाट्य प्रतिष्ठान झापा के कार्यकारी निदेशक पिता राजकुमार भट्टराई के सुपुत्र हैं। साथ ही, वह झापा नाटक घर के परिकल्पनाकार माधव कल्पित के नाती भी हैं।
आशुतोष का जन्म नाट्यकला मंदिर में ही हुआ था। इस कारण उन्हें बचपन से ही कला और संस्कृति के वातावरण में पनपने का अवसर मिला। नाटक देखना, अभिनय करना, संवाद सीखना और रंगमंच का जीवन करीब से समझने का मौका उन्हें बचपन में ही मिला, जिस वजह से उनमें बचपन से ही प्रतिभा खिल उठी। आज वह हिन्दू धर्मशास्त्रों के श्लोक और मंत्र सुनते ही आसानी से कंठस्थ कर लेते हैं। श्लोक ही नहीं, बल्कि उन शिक्षाओं को अपने दैनिक जीवन में उतारने की क्षमता के कारण भी वे दर्शकों के दिल में और प्रिय बन गए हैं।
उनकी मां समीक्षा खतिवड़ा के अनुसार, आशुतोष बहुआयामी प्रतिभा के धनी हैं। गायन, अभिनय और नृत्य में वे समान रूप से सक्षम हैं, जबकि आध्यात्मिक विधा उनकी विशेष पहचान बन चुकी है। समीक्षा कहती हैं कि आशुतोष की क्षमताओं से न केवल हमारा परिवार बल्कि आने वाली पीढ़ियां भी बहुत कुछ सीखेंगी।

क्षितिज नाट्य प्रतिष्ठान के प्रमुख माधव कल्पित के अनुसार, आशुतोष असाधारण संभावना लेकर आए हुए प्रतिभा हैं। उनके अनुसार, आशुतोष ने छोटी उम्र में ही कला और संस्कृति के साथ-साथ धर्म और आध्यात्मिकता का महत्व भी समाज को सिखा रहे हैं।

करोड़ों दर्शकों ने कम समय में जो प्यार और आशीर्वाद दिया है, उसकी बदौलत आशुतोष आज सोशल मीडिया पर एक पहचाना हुआ बाल प्रतिभा बन चुके हैं। भविष्य में उनके अभिनय, गायन, नृत्य और आध्यात्मिक क्षेत्र में और अधिक प्रगति करने की उम्मीद की जा रही है। नाटकीय पारिवारिक पृष्ठभूमि, सांस्कृतिक वातावरण और व्यक्तिगत लगनशीलता ने उन्हें नई पीढ़ी के लिए प्रेरणादायी व्यक्तित्व के रूप में आगे लाने का विश्वास उनके परिवार ने व्यक्त किया है।




