भगवान बुद्ध ने पूरी दुनिया को दिया था शांति का संदेश, कहा मानवता से बढ़कर कोई धर्म नहीं

तिलौराकोट में कदम रखते ही हुआ अपार शांति का अनुभव – माधव नेपाल वरिष्ठ कांग्रेसी नेता पाल्पा नेपाल

विश्व शांति से देश और समाज का उत्थान- डॉ माधव थापा

गुमनाम है हिम्मत, ताकत और शांति का प्रतीक बुद्ध का तिलौराकोट नामक स्थान-भरत बहादुर केसी अध्यक्ष उपभोक्ता संघ रूपंदेही

अहिंसा, प्रेम, करुणा, दया और शांति ही जीवन का मार्ग – अशोक जंग कुंवर

मनोज कुमार त्रिपाठी

भगवान बुद्ध ने तिलौराकोट से दुनिया को अहिंसा, करुणा और सत्य का संदेश दिया था। उन्होंने लोगों को दया, शांति, और करुणा से जीने और दूसरों के प्रति सद्भाव रखने का भी उपदेश दिया। उनका मुख्य संदेश यह था कि प्रत्येक व्यक्ति को अपने स्वयं के उद्धार के लिए स्वयं जिम्मेदार होना चाहिए और किसी भी बाहरी सत्ता या शक्ति पर निर्भर नहीं रहना चाहिए।

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भगवान गौतम बुद्ध ने हजारों वर्षों पूर्व दुनिया को शांति का संदेश दिया था, जो आज भी पूरे विश्व का मार्गदर्शन कर रहा है। उक्त बातें शनिवार को तिलौराकोट में पाल्पा के कांग्रेस के वरिष्ठ नेता माधव नेपाल ने एक अनौपचारिक वार्ता के दौरान कही। उन्होंने कहा कि तिलौराकोट की धरती पर पहुंचते ही उन्हें अपार शांति का अनुभव हुआ।

उन्होंने कहा कि राज घराने में जन्म लेकर भी उन्होंने सभी प्रकार की सुख-सुविधाओं का त्याग कर ज्ञान की खोज में निकल गए थे। लंबी तपस्या के बाद उन्हें ज्ञान प्राप्त हुआ था। भगवान बुद्ध के अनुसार मानवता से बढ़कर कोई धर्म नहीं है।

उन्होंने कहा कि बौद्ध धर्म को अपनाने वाले देश आज दुनिया के संपन्न देशों में गिने जाते हैं। बौद्ध धर्म संयमित जीवन जीने का संदेश देता है। हम सभी को भगवान बुद्ध के उपदेशों पर चलना चाहिए।

इस अवसर पर भरत बहादुर केसी ने कहा कि भगवान बुद्ध का जन्म 563 ईसवी पूर्व नेपाल के लुंबिनी वन में राज परिवार में हुआ था। लेकिन वे दुनिया के दुःखों को देखकर विचलित हो गए।

देश के साथ-साथ कई दूसरे देशों में भी भगवान बुद्ध के संदेशों को लोगों ने अपने जीवन में उतारा तथा आज भी भगवान बुद्ध के अनुयाई उनके आदर्शों पर चलकर अपने जीवन को खुशहाल बना रहे हैं। लेकिन वर्तमान में तिलौराकोट पूरी तरह से उपेक्षित है। इस दौरान डॉ माधव थापा, भरत बहादुर केसी उपभोक्ता मंच के केंद्रीय सदस्य व रूपंदेही जिले के अध्यक्ष, अशोक जंग कुंवर, दिलीप भट्टराई भी तिलराकोट में मौजूद रहे।

1. जीवन में हजारों लड़ाइयां जीतने से बेहतर स्वयं पर विजय प्राप्त करना है। अगर यह कर लिया तो फिर जीत हमेशा तुम्हारी होगी, इसे तुमसे कोई नहीं छीन सकता।

2. किसी भी हालात में इन तीन चीजों को कभी नहीं छुपाया जा सकता है और वो हैं- सूर्य, चन्द्रमा और सत्य।

3. जीवन में किसी उद्देश्य या लक्ष्य तक पहुंचने से ज्यादा महत्वपूर्ण उस यात्रा को अच्छे से संपन्न करना होता है।

4. बुराई को बुराई से खत्म नहीं किया जा सकता। घृणा को सिर्फ प्रेम द्वारा ही समाप्त किया जा सकता है, यह एक अटूट सत्य है।

5. सत्य के मार्ग पर चलते हुए व्यक्ति केवल दो ही गलतियां कर सकता है, पहली या तो पूरा रास्ता न तय करना, दूसरी या फिर शुरुआत ही न करना।

6. भविष्य के बारे में मत सोचो और अतीत में मत उलझो सिर्फ वर्तमान पर ध्यान दो। जीवन में खुश रहने का यही एक सही रास्ता है।

7. खुशियां हमेशा बांटने से बढ़ती हैं जैसे कि एक जलते हुए दीये से हजारों दीपक रोशन किए जा सकते है, फिर भी उस दीये की रोशनी कम नहीं होती।

8. आप चाहें जितनी भी अच्छी किताबें पढ़ लें, कितने भी अच्छे शब्द सुन लें, लेकिन जब तक आप उनको अपने जीवन में नहीं अपनाते तब तक उसका कोई फायदा नहीं।

9. हमेशा क्रोधित रहना, ठीक उसी तरह है जैसे जलते हुए कोयले को किसी दूसरे व्यक्ति पर फेंकने की इच्छा से खुद पकड़ कर रखना। यह क्रोध सबसे पहले आपको ही जलाता है।

10. क्रोधित होकर हजारों गलत शब्द बोलने से अच्छा, मौन का वह एक शब्द है जो जीवन में शांति लाता है।

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